जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल और मुख्यमंत्री ने ईद-उल-फितर की हार्दिक शुभकामनाएं दीं

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जम्मू, 20 मार्च (हि.स.)। उपराज्यपाल मनोज सिन्हा और मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने शुक्रवार को ईद-उल-फितर के अवसर पर जनता को हार्दिक शुभकामनाएं दीं जो कल मनाई जाएगी।

अपने संदेश में उपराज्यपाल ने कहा कि ईद-उल-फितर के शुभ अवसर पर मैं सभी को हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं देता हूं। रमज़ान के पवित्र महीने के समापन का प्रतीक ईद-उल-फितर का त्योहार आध्यात्मिक और सामाजिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है। यह पवित्र त्योहार त्याग की महान भावना और साझा करने की खुशी का प्रतीक है। इस शुभ दिन पर आइए हम मानवता की सेवा के प्रति संकल्प लें और गरीबों एवं जरूरतमंदों के जीवन स्तर को ऊपर उठाने का प्रयास करें।

ईद सभी के लिए शांति, समृद्धि और खुशियां लेकर आए।

मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने भी जम्मू और कश्मीर के लोगों के साथ-साथ दुनिया भर में ईद-उल-फितर और नौरोज़ के शुभ अवसरों पर सभी को हार्दिक बधाई दी। इन त्योहारों के अवसर पर अपने संदेश में मुख्यमंत्री ने रमजान के महीने भर के उपवास, प्रार्थना और आत्म-अनुशासन के बाद ईद के आध्यात्मिक महत्व को एक दिव्य उत्सव के रूप में रेखांकित किया।

उन्होंने कहा कि यह त्योहार सर्वशक्तिमान ईश्वर के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने और इस पवित्र महीने के दौरान पोषित करुणा, उदारता और एकता के मूल्यों का जश्न मनाने का अवसर है। उन्होंने कहा कि ईद एक हर्षोल्लास का अवसर है जो लोगों को रमजान के आशीर्वाद का जश्न मनाने के लिए एकजुट करता है। यह सामुदायिक बंधनों को मजबूत करता है और आपसी सम्मान और भाईचारे के मूल्यों को पुष्ट करता है। यह खुशियाँ फैलाने, दयालुता दिखाने और जरूरतमंदों की मदद करने का समय है।

मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि यह त्योहार जम्मू और कश्मीर की समृद्ध सांप्रदायिक सद्भाव, साझा विरासत और सांस्कृतिक समावेशिता की भावना को दर्शाता है जो एकता और शांति की भावना को मजबूत करता है। इस अवसर पर उन्होंने जम्मू और कश्मीर के लोगों के लिए स्थायी शांति, सतत प्रगति और समृद्धि की प्रार्थना की और विश्व भर में ईद-उल-फितर मना रहे सभी लोगों को अपनी शुभकामनाएं दीं। मुख्यमंत्री ने नवरोज के शुभ अवसर पर भी लोगों को हार्दिक शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि नवरोज का त्योहार वसंत के आगमन और फारसी नव वर्ष की शुरुआत का प्रतीक है, जो नवीनीकरण, आशा और सद्भाव का प्रतीक है और उन्होंने विश्व में शांति की स्थापना के लिए प्रार्थना की।

उन्होंने कहा कि क्षेत्र के विभिन्न हिस्सों में बड़े उत्साह के साथ मनाया जाने वाला यह त्योहार समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और एकजुटता की भावना को दर्शाता है। मुख्यमंत्री ने जम्मू-कश्मीर में निरंतर शांति, विकास और समृद्धि के लिए प्रार्थना की और आशा व्यक्त की कि यह त्योहार हर घर में खुशी और सकारात्मकता लेकर आएगा।

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