Browsing Category
Featured
Featured posts
**सोशल मीडिया का जिम्मेदारी से उपयोग करें**
पिछले सप्ताह की घटना, जिसमें कुछ सोशल मीडिया अकाउंट्स और पोर्टलों ने पाम आइलैंड मॉल में तीन आतंकियों की मौजूदगी की फर्जी खबर साझा की, इस शक्तिशाली माध्यम के गैर-जिम्मेदाराना उपयोग का एक चौंकाने वाला उदाहरण है। इस तरह की लापरवाही…
**आवश्यक वस्तुओं पर सतर्क निगरानी**
पश्चिम एशिया में जारी संकट के बीच आपूर्ति श्रृंखलाओं की कमजोरियों और कीमतों में उतार-चढ़ाव के खतरे ने एक बार फिर आवश्यक वस्तुओं के प्रबंधन की नाजुकता को उजागर किया है। जिन क्षेत्रों पर इसका सीधा प्रभाव नहीं पड़ता, वहाँ…
घुमंतू समाज की पहचान का आधार बनेगी जनगणना
डॉ. सत्यवान सौरभ
देश में कुछ समुदाय ऐसे भी हैं, जिन्हें आज तक ठीक से गिना ही नहीं गया—न आंकड़ों में, ना नीतियों में, और ना ही संवेदनाओं में। ये वे लोग हैं, जिन्हें कभी अंग्रेजों ने ''जन्मजात अपराधी'' घोषित…
देश में गिरता शिक्षा का स्तर
डॉ. राजेन्द्र प्रसाद शर्मा
अभी मेडिकल पीजी में शून्य (0) पर्सेंटाइल पर प्रवेश का मुद्दा पुराना भी नहीं हुआ है कि राजस्थान लोक सेवा आयोग द्वारा स्कूल लेक्चरर के लिए आयोजित प्रतियोगिता परीक्षा के परिणाम ने देश…
**एक बहुत बड़ा बयान**
हालांकि नेशनल कॉन्फ्रेंस का इतिहास उतार-चढ़ाव भरा रहा है, लेकिन इसके नेतृत्व की नीयत हमेशा जनहित में रही है। सामाजिक न्याय के लिए इस पार्टी के प्रयासों का सबसे अच्छा उदाहरण इसके संस्थापक शेख मोहम्मद अब्दुल्ला द्वारा 1950…
पचास फीसद सीट वृद्धि पर भ्रामक है कांग्रेस का विमर्श
डॉ. मयंक चतुर्वेदी
वर्तमान बजट सत्र के दौरान लोकसभा की सीटों में पचास प्रतिशत वृद्धि के संभावित प्रस्ताव को लेकर देश की राजनीति में एक नया विमर्श खड़ा किया जा रहा है। मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस ने इसे दक्षिण…
**कठिन समय के लिए तैयार रहें**
हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य के बंद होने के प्रभाव अब पूरे देश में दिखने लगे हैं। एक बार फिर एविएशन टरबाइन फ्यूल (ATF) यानी जेट फ्यूल और वाणिज्यिक एलपीजी के दामों में काफी वृद्धि हुई है, जो इस बात का संकेत है कि आने वाले दिन और…
भक्त शिरोमणि रामदूत हनुमान
-डॉ. रीना रवि मालपानी
राम नाम के अनन्य प्रेमी भक्त शिरोमणि अंजनीसुत हनुमानजी की महिमा से भला कौन परिचित नहीं है। रामायण की कल्पना रामदूत हनुमान के बिना नहीं की जा सकती। भक्त और भक्ति की उत्कृष्टता को सिद्ध…
देश के सर्वोच्च सदन में उठती समान शिक्षा की पुकार
डॉ. मयंक चतुर्वेदी
भारत का संविधान अपने मूल में एक ऐसे समाज की परिकल्पना करता है जहाँ प्रत्येक नागरिक को समान अवसर प्राप्त हों और वह अपने सामर्थ्य के अनुरूप विकास कर सके। यह विचार कहना होगा कि एक संवैधानिक…
निजी स्कूलों पर निगरानी रखें
यह सराहनीय है कि शिक्षा, समाज कल्याण, स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा मंत्री Sakeena Itoo ने निजी स्कूलों द्वारा मनमाने फैसले लेकर अभिभावकों पर अनुचित आर्थिक बोझ डालने के मुद्दे का संज्ञान लिया है। बताया जाता है कि शिक्षा…