जम्मू-कश्मीर में 10 जीएमसी, एसकेआईएमएस में 219 वेंटिलेटर खराब : सरकार
जम्मू, 18 फरवरी (हि.स.)। जम्मू-कश्मीर सरकार ने गुरुवार को कहा कि केंद्र शासित प्रदेश के 10 सरकारी मेडिकल कॉलेजों और शेर-ए-कश्मीर इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज में 219 वेंटिलेटर खराब हैं।
विधानसभा में विधायक शमीम फिरदौस के एक तारांकित प्रश्न के लिखित उत्तर में स्वास्थ्य और चिकित्सा शिक्षा मंत्री सकीना इटू ने सरकारी मेडिकल कॉलेजों (जीएमसी), संबंधित अस्पतालों और एसकेआईएमएस सहित अन्य प्रमुख स्वास्थ्य संस्थानों में कार्यात्मक और निष्क्रिय वेंटिलेटर का अस्पताल-वार विवरण प्रदान किया। आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, कुल 877 वेंटिलेटर में से 658 काम कर रहे हैं, जबकि 219 खराब हैं।
सदन में पेश आंकड़ों के अनुसार जीएमसी जम्मू और उससे जुड़े अस्पतालों में कुल 320 वेंटिलेटर हैं जिनमें से 209 कार्यात्मक हैं जबकि 111 गैर-कार्यात्मक हैं।
इसी तरह, जीएमसी श्रीनगर के एसएमएचएस अस्पताल में 76 वेंटिलेटर हैं, जिनमें 68 कार्यात्मक और आठ गैर-कार्यात्मक हैं, जबकि इसके अन्य संबद्ध अस्पतालों में 173 वेंटिलेटर हैं, जिनमें 44 काम नहीं कर रहे हैं। आंकड़ों में आगे कहा गया है कि जीएमसी अनंतनाग और उससे जुड़े अस्पतालों में, कुल 36 में से 26 खराब पड़े वेंटिलेटरों में से केवल 10 वेंटिलेटर ही काम कर रहे हैं।
जीएमसी बारामूला ने 41 में से दो गैर-कार्यात्मक वेंटिलेटर की सूचना दी, जबकि जीएमसी डोडा में स्थापित 27 में से 10 वेंटिलेटर खराब हैं।
जीएमसी कठुआ ने 52 में से दो गैर-कार्यात्मक वेंटिलेटर, जीएमसी राजौरी ने 54 में से तीन, और जीएमसी उधमपुर ने सभी 39 वेंटिलेटर के कार्यात्मक होने की सूचना दी। जीएमसी हंदवाड़ा ने भी सभी छह वेंटिलेटरों को कार्यात्मक बताया।