जम्मू क्षेत्र में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना
SKUAST-J और IMD ने किसानों के लिए जारी की एग्रोमेट एडवाइजरी
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ए. के. मेहरा
जम्मू, 1 अगस्त : शेर-ए-कश्मीर कृषि विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, जम्मू (SKUAST-J) और भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने संयुक्त रूप से जम्मू क्षेत्र के लिए एग्रोमेट एडवाइजरी बुलेटिन जारी किया है, जिसमें 2 अगस्त से 6 अगस्त 2025 तक हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई गई है।
एडवाइजरी के अनुसार, आगामी दिनों में आसमान आंशिक रूप से साफ से लेकर सामान्यत: बादलों से ढका रहेगा, अधिकतम तापमान 33°C से 34°C और न्यूनतम तापमान 24°C से 26°C के बीच रह सकता है। सुबह की आर्द्रता 90% से 100% और शाम की आर्द्रता 70% से 75% तक रहने की संभावना है। हवा की गति 4–5 किमी/घंटा दक्षिण-पश्चिम दिशा में रहने की उम्मीद है।
🔍 आगामी 5 दिनों का मौसम पूर्वानुमान (2 से 6 अगस्त, 2025):
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बारिश: हल्की से मध्यम संभावित
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अधिकतम तापमान: 33°C – 34°C
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न्यूनतम तापमान: 24°C – 26°C
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आर्द्रता: सुबह 90–100%, शाम 70–75%
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हवा की दिशा/गति: दक्षिण-पश्चिम दिशा में 4–5 किमी/घंटा
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आसमान: आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे
🚜 किसानों के लिए मौसम आधारित कृषि सलाह:
धान (किलिंग अवस्था):
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सिंचाई फिलहाल रोकें
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25–30 दिन पुराने पौधों में उर्वरक (नाइट्रोजन) की दूसरी खुराक साफ मौसम में डालें
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थ्रेड वॉर्म नियंत्रण हेतु कार्बोफ्यूरान 3G @ 20kg/ha का प्रयोग करें
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खरपतवार नियंत्रण हेतु बिस्पायरीबैक-सोडियम @25gm/ha का छिड़काव करें
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मेड़ मजबूत करें ताकि वर्षा जल संचित हो सके
मक्का (प्रारंभिक अवस्था):
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खेत में पानी जमा न होने दें
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स्टेम बोरर व फॉल आर्मी वॉर्म की निगरानी करें
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नियंत्रण हेतु कार्टैप हाइड्रोक्लोराइड या कार्बोफ्यूरान @ 5 ग्राम/पौधा डालें
सब्जियां, फल और फूल:
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खेतों में जल निकासी की उचित व्यवस्था रखें
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सड़े-गले फल/डंठल हटा कर जमीन में दबा दें
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ककड़ी प्रजातियों में फल को मिट्टी से संपर्क में न आने दें
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गुलदाऊदी का रोपण ‘वतार’ स्थिति में करें
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मैरीगोल्ड की नर्सरी वर्षा के बाद लगाना उचित रहेगा
पशुपालन:
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गर्मी में पशुओं को पर्याप्त पानी व इलेक्ट्रोलाइट दिन में 4–5 बार दें
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शेड हवादार और छायादार रखें
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3 महीने में एक बार कृमिनाशक दवा दें
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FMD (मुंह-खुर रोग) के लिए टीकाकरण अवश्य कराएं
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दुधारू पशुओं को डायकैल्सियम फॉस्फेट @60-80mg/दिन दें
मधुमक्खी पालन:
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बारिश से बचाव हेतु छत्ते की एंट्री कम करें
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चींटी से बचाव करें, आवश्यकता अनुसार शुगर फीडिंग दें
मछली पालन:
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बारिश में तालाब के आउटलेट पर जाली लगाएं
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भारी बारिश में प्राकृतिक जलाशयों में जाल न डालें
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यदि अब तक मछली बीज नहीं डाला है, तो विश्वसनीय स्रोत से लें; फीड @ 2–3% बायोमास दें
⛈️ विस्तारित पूर्वानुमान (6 से 12 अगस्त, 2025):
बारिश, अधिकतम व न्यूनतम तापमान सामान्य से कम रहने की संभावना जताई गई है।