एग्जिट पोल फिर गलत साबित होंगे: फारूक
श्रीनगर, 1 मई: नेशनल कॉन्फ्रेंस (nc) के अध्यक्ष फारूक अब्दुल्ला ने शुक्रवार को कहा कि उन्हें एग्जिट पोल पर कभी भरोसा नहीं रहा और उम्मीद जताई कि इस बार भी वे गलत साबित होंगे।
पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने कहा, “मैंने कभी एग्जिट पोल पर भरोसा नहीं किया। ये पहले भी गलत साबित हुए हैं और मुझे उम्मीद है कि इस बार भी गलत साबित होंगे।”
गौरतलब है कि पश्चिम बंगाल, असम, केरल, तमिलनाडु और पुडुचेरी में विधानसभा चुनाव हुए थे और एग्जिट पोल में भाजपा को बढ़त दिखाई गई है।
सोशल मीडिया पर अलगाववाद को बढ़ावा देने के आरोप में पीडीपी नेता इल्तिजा मुफ्ती के खिलाफ दर्ज एफआईआर पर पूछे गए सवाल पर अब्दुल्ला ने कहा कि वह ऐसे मामलों में हस्तक्षेप नहीं करते।
उन्होंने कहा, “मुझे नहीं पता एफआईआर क्यों दर्ज हुई। मैं इन मामलों में नहीं पड़ता। इल्तिजा मुफ्ती खुद जानती होंगी कि उनके खिलाफ एफआईआर क्यों हुई।”
हज यात्रा के लिए हवाई किराए में बढ़ोतरी पर उन्होंने कहा कि यह ईंधन की कीमतों में वृद्धि के कारण है।
उन्होंने कहा, “ईंधन महंगा हो गया है, इसमें कुछ नहीं किया जा सकता। अगर यह युद्ध नहीं रुका तो पता नहीं कीमतें और कितनी बढ़ेंगी।”
आरटीआई के जवाब में यह सामने आने पर कि पीडीपी ने पिछले साल राज्यसभा चुनाव में कोई मुख्य एजेंट नियुक्त नहीं किया था, अब्दुल्ला ने कहा कि पीडीपी ने एनसी उम्मीदवारों को वोट नहीं दिया था।
उन्होंने कहा, “उन्होंने हमें वोट नहीं दिया। उनसे पूछिए कि उन्होंने किसे वोट दिया।”
पीडीपी द्वारा यह कहे जाने पर कि चुनाव के बाद एनसी प्रमुख ने पार्टी का सार्वजनिक रूप से धन्यवाद किया था, अब्दुल्ला ने कहा कि उन्हें नहीं पता किसने किसे वोट दिया।
उन्होंने कहा, “अब लग रहा है कि स्थिति वैसी नहीं थी जैसी हमने सोची थी। बाकी भगवान जानता है और वही जानते हैं जिन्होंने वोट दिया।”
जम्मू-कश्मीर के तीन बार मुख्यमंत्री रह चुके अब्दुल्ला ने उर्दू भाषा को लेकर पीडीपी के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि उर्दू को कभी हटाया नहीं जाएगा।
उन्होंने कहा, “कुछ भी नहीं हटाया गया है। यह गलत है। लोगों से राय मांगी गई है और वही फैसला करेंगे। उर्दू हमारी भाषा है… चाहे दिल्ली का रवैया कुछ भी हो, उर्दू जम्मू-कश्मीर में खत्म नहीं होगी।”
उन्होंने पीडीपी पर निशाना साधते हुए कहा कि उनके पास दिखाने के लिए कुछ नहीं है और प्रदेश की परेशानियों के लिए वही जिम्मेदार हैं।
उन्होंने कहा, “वे यही कहेंगे। उनके पास है ही क्या? यहां की तकलीफों के लिए वही जिम्मेदार हैं। अनुच्छेद 370 और 35ए उनके कारण हटाए गए। लोगों को यह नहीं भूलना चाहिए। जो आज आंसू बहा रहे हैं, वही इसके जिम्मेदार हैं। हम आज जो कठिनाई झेल रहे हैं, उसके लिए भगवान उन्हें माफ करे।”
अब्दुल्ला ने लोकसभा सांसद शेख अब्दुल राशिद को एक हफ्ते की अंतरिम जमानत मिलने का भी स्वागत किया।
उन्होंने कहा, “यह बहुत अच्छी बात है कि वे अपने बीमार पिता से मिलने और उनका हाल जानने आए।”